मेरठ: के मुंडाली थाना क्षेत्र से एक बेहद संवेदनशील और चौंकाने वाला मामला सामने आया है। सात महीने के एक बच्चे की मौत, जिसे शुरुआत में सामान्य बीमारी का मामला बताया गया था, अब हत्या के आरोपों के चलते गंभीर आपराधिक जांच का विषय बन गई है।
पुलिस ने बच्चे के पिता की शिकायत पर मां के खिलाफ हत्या का मुकदमा दर्ज कर लिया है। मामले की जांच जारी है और मौत की वास्तविक वजह जानने के लिए शव का पोस्टमार्टम कराया जाएगा।
पहले बीमारी बताई गई थी मौत की वजह
जानकारी के अनुसार मुंडाली क्षेत्र के मुरलीपुर फूल गांव निवासी अमित तोमर निजी चिकित्सक के यहां वाहन चालक के रूप में कार्यरत हैं। उनकी शादी वर्ष 2023 में हुई थी और परिवार में दो छोटे बच्चे थे।
परिवार के मुताबिक 30 मई को सात महीने के रुद्रांश की मौत हो गई थी। उस समय बच्चे की मां ने परिजनों को बताया था कि अचानक तबीयत बिगड़ने के बाद बच्चे को डॉक्टर के पास ले जाया गया, जहां उसकी मौत हो गई।
परिवार ने उस समय किसी तरह का संदेह नहीं जताया और अंतिम संस्कार की प्रक्रिया पूरी कर दी गई।
पति को पहले से था शक
पुलिस को दी गई शिकायत में अमित तोमर ने बताया कि कुछ समय पहले उन्होंने अपनी पत्नी के मोबाइल फोन में एक युवक के कॉल और संदेश देखे थे।
इसी बात को लेकर परिवार में विवाद भी हुआ था। शिकायत के अनुसार दोनों पक्षों के लोगों की मौजूदगी में बातचीत हुई थी और मामला शांत हो गया था, लेकिन पति के मन में संदेह बना रहा।
बाद में दोबारा विवाद होने पर पति ने मामले को गंभीरता से लेना शुरू किया।

पूछताछ के बाद सामने आया नया मोड़
शिकायत के अनुसार बच्चे की मौत के बाद भी पति को परिस्थितियां सामान्य नहीं लगीं। सोमवार को उन्होंने पत्नी से दोबारा पूछताछ की।
परिवार का आरोप है कि इसी दौरान महिला ने कथित रूप से बच्चे की मौत से जुड़ी महत्वपूर्ण जानकारी स्वीकार की। इसके बाद मामले की सूचना पुलिस को दी गई।
हालांकि पुलिस का कहना है कि मामले की पुष्टि केवल वैज्ञानिक और कानूनी जांच के आधार पर ही की जाएगी।
शव को कब्र से निकालकर होगा पोस्टमार्टम
चूंकि बच्चे का अंतिम संस्कार पहले ही किया जा चुका था, इसलिए अब प्रशासन ने शव का पोस्टमार्टम कराने का निर्णय लिया है।
पुलिस अधिकारियों के अनुसार जिला प्रशासन की अनुमति के बाद शव को कब्र से बाहर निकालकर मेडिकल जांच के लिए भेजा जाएगा।
अधिकारियों का मानना है कि पोस्टमार्टम रिपोर्ट इस पूरे मामले की सबसे महत्वपूर्ण कड़ी साबित होगी।
प्रेम प्रसंग के एंगल की भी जांच
पुलिस उन आरोपों की भी जांच कर रही है जिनमें महिला के किसी अन्य व्यक्ति के संपर्क में होने की बात कही गई है।
हालांकि जांच एजेंसियों ने स्पष्ट किया है कि फिलहाल सभी पहलुओं को खुला रखा गया है और किसी निष्कर्ष पर पहुंचना अभी जल्दबाजी होगी।
मोबाइल फोन रिकॉर्ड, कॉल डिटेल और अन्य डिजिटल साक्ष्यों की भी जांच की जा सकती है।
आरोपी महिला हिरासत में
पुलिस ने शिकायत के आधार पर महिला के खिलाफ हत्या से संबंधित धाराओं में प्राथमिकी दर्ज कर ली है।
उसे हिरासत में लेकर पूछताछ की जा रही है। अधिकारियों का कहना है कि जांच में सामने आने वाले तथ्यों के आधार पर आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
पुलिस क्या कह रही है?
ग्रामीण पुलिस अधिकारियों के अनुसार मामला अत्यंत संवेदनशील है और जांच पूरी सावधानी से की जा रही है।
अधिकारियों ने बताया कि पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद मौत के कारणों को लेकर अधिक स्पष्ट स्थिति सामने आएगी। इसके बाद ही मामले के सभी तथ्यों की पुष्टि हो सकेगी।
मेरठ में सात महीने के बच्चे की मौत का मामला अब एक गंभीर आपराधिक जांच में बदल चुका है। जहां एक ओर परिवार हत्या का आरोप लगा रहा है, वहीं दूसरी ओर पुलिस वैज्ञानिक साक्ष्यों और पोस्टमार्टम रिपोर्ट के आधार पर सच्चाई तक पहुंचने का प्रयास कर रही है। फिलहाल पूरे मामले पर सभी की नजरें जांच के अगले चरण और मेडिकल रिपोर्ट पर टिकी हैं।